सत्यम् लाइव, 27 जुलाई 2020, दिल्ली।। दिल्ली सरकार ने शनिवार को सरकारी स्कूलों में ऑनलाइन शिक्षा के प्रयोग पर शिक्षकों और अभिभावकों के साथ संवाद किया। उपमुख्यमंत्री मनीष सिसोदिया ने पेरेंट्स टीचर मीटिंग भी ऑनलाइन कराने का सुझाव दिया है इस संवाद में अधिकांश पेरेंट्स ने ऑनलाइन शिक्षा के अनुभव को काफी उपयोगी बताते हुए कहा कि शिक्षकों ने बच्चों का काफी सकारात्मक तरीके से मार्गदर्शन किया। दिल्ली सरकार द्वारा कराई जा रही ऑनलाइन शिक्षा को बेहतर बनाने के लिए सुझाव भी मांगे गए हैं। सिसोदिया ने कहा, जब लॉकडाउन हुआ, तो हमने ऑनलाइन पढ़ाई शुरू की। उस वक्त सबको लगता था कि ऑनलाइन शिक्षा सिर्फ प्राइवेट स्कूलों में संभव है। सरकारी स्कूलों के पेरेंट्स के पास साधन नहीं हैं और टीचर्स की भी ट्रेनिंग नहीं है लेकिन हमारे शिक्षा विभाग के अधिकारियों और शिक्षकों ने नए तरीके के प्रयोग किया। पेरेंट्स और स्टूडेंट्स ने भी भरपूर साथ दिया। देश में ऐसा पहली बार हुआ है जब सरकारी स्कूलों में इतने बड़े पैमाने पर टेक्नालॉजी की सहायता से पढ़ाई की गई हो। वैसे तो इस शिक्षा व्यवस्था में बच्चा भारतीयता से दूर नहीं जायेगी ऐसा उपमुख्यमंत्री सिसाेेदिया और कुमार विश्वास दोनों के ही मुख से भारतीय शिक्षा व्यवस्था की कमी, स्वयं वयां कर चुकेे है परन्तु क्या विश्वस्ता है ? जो और गलत दिशा पर ये व्यवस्था ले जायी जा रही है। पता सबको हर नेता को है ये बात सत्य है। इस पर कुमार विश्वास जी जो सदैव ही सत्ता पक्ष के आलोचक हैं उनका कहना भी वही है जो रामधारी सिंह दिनकर जी कथन था। मैं इससे सहमत हूॅ कि जिस दिन सत्ता और आलोचक एक साथ हो जायेगा, उस दिन के बाद भारत की भूमि पूरी तरह से गुलाम हो जायेगी।
सुनील शुक्ल





















