• About
  • Team
  • Contact
  • E-Newspaper
  • Advertisement
Sunday, August 2, 2026
Satyam Live
Advertisement
  • होम
  • विदेश
  • भारत
  • राज्य
    • दिल्ली
    • एन.सी.आर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • हरियाणा
    • पंजाब
  • विशेष
  • राजनीति
  • क्राइम
  • बिज़नेस
  • मनोरंजन
  • टेक्नोलॉजी & AI
  • हेल्थ
  • करियर
  • खेल
  • धर्म
  • सोशल
  • वीडियो
No Result
View All Result
  • होम
  • विदेश
  • भारत
  • राज्य
    • दिल्ली
    • एन.सी.आर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • हरियाणा
    • पंजाब
  • विशेष
  • राजनीति
  • क्राइम
  • बिज़नेस
  • मनोरंजन
  • टेक्नोलॉजी & AI
  • हेल्थ
  • करियर
  • खेल
  • धर्म
  • सोशल
  • वीडियो
No Result
View All Result
Satyam Live
Home उत्तराखंड

नौकरशाही में नये प्रयोग की सार्थकता

SATYAM LIVE (Web Desk) by SATYAM LIVE (Web Desk)
June 13, 2018
in उत्तराखंड, विज्ञापन
5.5k 55
A A
0
Rajnath Singh with IAS Probationers UP Cadre
4.7k
SHARES
5.9k
VIEWS
Share on WhatsaapShare on FacebookShare on Twitter

यें भीपढ़ें :-

सौर कोरोना एक परिचय

पश्चिमी विक्षोभ बारिश कम पर कहर ज्‍यादा

आज संसद में पेश हो सकता है जानिए, किन परिस्थितियों में गिर सकती है मोदी सरकार

प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी नया भारत निर्मित करना चाहते हैं, इसके लिये देश के प्रशासनिक क्षेत्र को सशक्त बनाने एवं नौकरशाही को दक्ष, प्रभावी एवं कार्यकारी बनाने की तीव्र आवश्यकता है। नौकरशाही को प्रभावी, सक्षम एवं कार्यक्षम बनाने और उसमें नए तौर-तरीकों को समाहित करने के इरादे से संयुक्त सचिव पद के स्तर पर निजी क्षेत्र के दक्ष, विशेषज्ञ पेशेवर लोगों को नियुक्त करने का फैसला एक नई पहल है, जिसका स्वागत किया जाना चाहिए। एक अर्से से यह महसूस किया जा रहा था कि नौकरशाही में ऐसे प्रतिभाशाली पेशेवर लोगों का प्रवेश होना चाहिए जो अपने-अपने क्षेत्र में विशेष योग्यता के साथ अनुभव से भी प्रतिभाशाली हों, दक्ष हो। लेकिन अनेक कारण रहे, जिससे इस बारे में अब तक कोई फैसला नहीं लिया जा सका। देर से ही सही, कार्मिक एवं प्रशिक्षण विभाग ने विभिन्न क्षेत्रों के मेधावी एवं अनुभवी पेशेवर लोगों के आवेदन मांगकर एक नई शुरुआत की है। लेकिन यहां प्रश्न यह भी है कि इतने ऊंचे वेतन एवं साधन-सुविधाओं के बावजूद भारत सरकार एवं राज्य सरकार के ऊच्च पैदों पर योग्य एवं प्रतिभाशाली व्यक्तियों का चयन क्यों नहीं होता? आरक्षण के नाम पर राजनीतिक रोटियां सेंकने वाले राजनीतिक दल यह संभव नहीं होने देते। मोदी सरकार ने यह साहस किया है तो निश्चित ही भारत की तस्वीर बदलेगी।
यह एक नयी एवं अभिनव शुरुआत है। भले ही प्रारंभ में दस पदों के लिए आवेदन मांगे गए हैं। इन पदों के लिये सक्षम व्यक्ति आगे आये, इस हेतु तय किया गया है कि आवेदन करने वाले निजी क्षेत्र या किसी सार्वजनिक उपक्रम अथवा शैक्षिक संस्थान में पेशेवर के तौर पर कार्यरत हों और कम से कम 15 वर्ष का अनुभव रखते हों। पात्रता की ऐसी शर्तो के चलते यह उम्मीद की जाती है कि सरकार वास्तव में मेधावी एवं अपने काम में दक्ष, विशेषज्ञ एवं प्रतिभासम्पन्न लोगों को खुद से जोड़ने में सक्षम होगी। उम्मीद यह भी की जाती है कि वे पेशेवर इस अवसर का लाभ उठाने के लिए आगे आएंगे जिनके पास अनुभव के साथ विशेष योग्यता है और जो देश एवं समाज के लिए कुछ कर दिखाना चाहते हैं। देश के सर्वोच्च प्रतिभासम्पन्न लोग इस मौके को हाथोंहाथ लेंगे और सेवा करने के लिए आगे आएंगे। ऐसे लोग ही सुधार की सफलता की कुंजी हैं। इन्हीं लोगों के बल पर नया भारत निर्मित हो सकेगा।
 सरकार की अधूरी योजनाओं को तीव्रता से गति देने एवं नयी परियोजनाओं पर प्रभावी कार्रवाही के लिये प्रशासन में नये तौर-तरीके समाहित किया जाने की आवश्यकता है, इस दृष्टि से यह पहल एक नयी सुबह का आगाज करेंगी। राजनीतिक जागृति के साथ प्रशासनिक जागृति का अभियान वर्तमान की बड़ी जरूरत है। नौकरशाहों पर नकेल कसना एवं उन्हें अपनी जिम्मेदारियों के लिये प्रतिबद्ध करना भी जरूरी है। कभी-कभी ऊंचा उठने और भौतिक उपलब्धियों की महत्वाकांक्षा राष्ट्र को यह सोचने-समझने का मौका ही नहीं देती कि कुछ पाने के लिए उसने कितना खो दिया? और जब यह सोचने का मौका मिलता है तब पता चलता है कि वक्त बहुत आगे निकल गया और तब राष्ट्र अनिर्णय के ऊहापोह में दिग्भ्रमित हो जाता है।
 जब भी कोई बड़ा परिवर्तन किया जाता है तो उसकी प्रतिक्रिया अवश्य होती है। संयुक्त सचिव स्तर के अधिकारी के तौर पर पेशेवर लोगों की भर्ती की इस पहल का यह कहते हुए विरोध किया जा रहा है कि सरकार तय प्रक्रिया का उल्लंघन कर रही है और वह पिछले दरवाजे से पसंदीदा लोगों को नौकरशाही में प्रवेश कराने का इरादा रखती है। यह स्पष्ट ही है कि ऐसे आलोचक इस तथ्य की जानबूझकर अनदेखी कर रहे हैं कि सरकार केवल पेशेवर एवं अनुभवी लोगों को ही संयुक्त सचिव स्तर पर नियुक्त करने जा रही है। यह सही है कि ये वे पेशेवर होंगे जिन्होंने न तो सिविल सेवा परीक्षा दी होगी और न ही इस परीक्षा के बाद लिया जाने वाला प्रशिक्षण प्राप्त किया होगा, लेकिन केवल वही मेधावी नहीं होते जिन्होंने सिविल सेवा परीक्षा पास की होती है। देश में तमाम ऐसे पेशेवर हैं जिन्होंने आइएएस अधिकारियों से कहीं बेहतर काम कर दिखाया है। निःसंदेह आइएएस अधिकारियों की अपनी अहमियत है, लेकिन यह कहना ठीक नहीं कि केवल वही देश की बेहतर तरीके से सेवा कर सकते हैं। चूंकि यह एक नया प्रयोग है इसलिए कुछ समय बाद ही यह पता चलेगा कि परिणाम अनुकूल रहे या प्रतिकूल?
इस पहल को सरकार में वरिष्ठ पदों पर सीधी भर्ती के रूप में देखा जा रहा है। यह नौकरशाही में बड़े बदलाव की तैयारी है। यह प्रस्ताव वर्षों से लटका पड़ा था। इस नयी पहल में आवेदक की न्यूनतम आयु एक जुलाई 2018 को 40 साल से कम नहीं होनी चाहिए। साथ ही वे मान्यताप्राप्त विश्वविद्यालय या संस्थान से स्नातक होने चाहिए। उच्च शिक्षा का उन्हें अतिरिक्त लाभ मिलेगा। चयन के लिए उम्मीदवारों का साक्षात्कार लिया जाएगा। चयनित उम्मीदवार को तीन साल के करार पर रखा जाएगा। इसे अधिकतम पांच साल तक बढ़ाया जा सकेगा। चयनित उम्मीदवारों को संयुक्त सचिव के स्तर का वेतनमान दिया जाएगा। साथ ही वे सरकारी आवास व वाहन जैसी सुविधाओं के भी हकदार होंगे। इस नयी शुरुआत से उच्च पदों से आईएएस का वर्चस्व खत्म होगा। केंद्र सरकार को अपने 10 महत्वपूर्ण मंत्रालयों एवं क्षेत्रों जैसे राजस्व वित्तीय सेवा, आर्थिक मामले, कृषि, सड़क परिवहन एवं राजमार्ग, पोत परिवहन, पर्यावरण, नवीकरणीय ऊर्जा, नागरिक उड्डयन और वाणिज्य के क्षेत्र में विशेषज्ञता रखने वाले मेधावी और उत्साही लोगों की जरूरत है। संयुक्त सचिव स्तर पर अधिकारियों की कमी से जूझ रही केंद्र सरकार को इससे राहत मिलेगी। यह एक नया प्रयोग है जिससे भारत सरकार के उच्च प्रशासन की शक्ल को नया आकार मिलेगा।
इस नयी पहल से केंद्र सरकार की वे बड़ी परियोजनाएं जो समय से पीछे चल रही हैं, शीघ्रता से पूरी हो सकेगी। आम तौर पर अब तक परियोजनाएं इसीलिए लंबित होती रही हैं, क्योंकि नौकरशाही उन्हें समय से पूरा करने के लिए आवश्यक इच्छाशक्ति का प्रदर्शन नहीं करती। आखिर नौकरीशाही की लापरवाही को राष्ट्र क्यों भुगते? अब इन नये नियुक्त नौकरशाहों के बलबूते से गिरते विकास एवं अधूरी पड़ी परियोजनाओं को गति देने में मदद मिल सकेगी, समस्याओं से ग्रस्त सामाजिक व राष्ट्रीय ढांचे को सुधार सकेंगे, तोड़कर नया बना सकेंगे।
भारत के समग्र विकास में नौकरशाही का रवैया सबसे बड़ी बाधा रही है। एक ऐसे समय जब तमाम विदेशी निवेशक भारत में बुनियादी ढांचे में सुधार के लिए प्रतीक्षारत हैं तब उसकी सुधार की प्रक्रिया का शुभारंभ शुभ संकेत है। आवश्यकता केवल चुनौतियों को समझने की ही नहीं है, आवश्यकता है कि हमारा मनोबल दृढ़ हो, चुनौतियों का सामना करने के लिए हम ईमानदार हों और अपने स्वार्थ को नहीं परार्थ और राष्ट्रहित को अधिमान दें।
सच तो यह भी है और जरूरत इसकी भी है कि नये नियुक्त नौकरशाहों के साथ-साथ पहले से चले आ रहे नौकरशाही के रुख-रवैये में बदलाव लाने के लिए प्रशासनिक सुधारों को प्राथमिकता के आधार पर आगे बढ़ाया जाए। यह समझना कठिन है कि विभिन्न योजनाओं-परियोजनाओं को गति देने के लिए प्रतिबद्ध सरकार प्रशासनिक सुधारों को अब तक अपने एजेंडे पर क्यों नहीं लिया?
राष्ट्र केवल पहाड़ों, नदियों, खेतों, भवनों और कारखानों से ही नहीं बनता, यह बनता है देश के उच्च प्रशासनिक अधिकारियों के उच्च चरित्र से। हम केवल राष्ट्रीयता के खाने (काॅलम) में भारतीय लिखने तक ही न जीयंे, बल्कि एक महान राष्ट्रीयता (सुपर नेशनेलिटी) यानि चरित्रयुक्त राष्ट्रीयता के प्रतीक बन कर जीयें। यही बात जिस दिन नौकरशाहों के समझ में आ जायेंगी, उस दिन परियोजनाएं भी अधूरी नहीं रहेगी और उनके इरादे भी विश्वसनीय एवं मजबूत होेंगे। तभी नये भारत का निर्माण संभव होगा, तभी हर रास्ता मुकाम तक ले जायेगा।
कुछ लोग किसी कोने में आदर्श की स्थापना होते देखकर अपने बनाए समानान्तर आदर्शों की वकालत करते हैं। यानी स्वस्थ परम्परा का मात्र अभिनय। प्रवंचना का ओछा प्रदर्शन। सत्ताविहीन असंतुष्टों की तरह आदर्शविहीन असंतुष्टों की भी एक लम्बी पंक्ति है जो दिखाई नहीं देती पर खतरे उतने ही उत्पन्न कर रही है। सब चाहते हैं कि हम आलोचना करें पर काम नहीं करें। हम गलतियां निकालें पर दायित्व स्वीकार नहीं करें। ऐसा वर्ग आज बहुमत में है। ऐसे ही वर्ग ने एक सार्थक शुरुआत में भी छेद करने शुरु कर दिये हैं।
इस नए प्रयोग के परिणाम कुछ भी हों, यह वक्त की मांग है कि शासन-प्रशासन में विषय विशेषज्ञ एवं अनुभवी लोगों की हिस्सेदारी बढ़े। आखिर जब शासन में ऐसे लोग भागीदार बन सकते हैं तो प्रशासन में क्यों नहीं बन सकते? यह नया प्रयोग इस जरूरत को भी रेखांकित कर रहा है कि मोदी सरकार को प्रशासनिक सुधार को अपने एजेंडे पर लेना चाहिए।
प्रेषकः
lalit gargg 2
(ललित गर्ग)
60, मौसम विहार, तीसरा माला, डीएवी स्कूल के पास, दिल्ली-110051
फोनः 22727486, 9811051133
Advertisement Advertisement Advertisement
ADVERTISEMENT
SATYAM LIVE (Web Desk)

SATYAM LIVE (Web Desk)

सम्बंधित ख़बरें :-

file 00000000f54c81fbb91a0b65fb31ae7b
विज्ञापन

प्रिंट, डिजिटल एवं न्यूज़ मीडिया क्षेत्र को मिलेगा नया आयाम, ‘सत्यम् लाइव मीडिया कंसल्टेंसी’ ने शुरू की समग्र मीडिया सेवाएँ

August 2, 2026
5.9k
machli 11 1
उत्तराखंड

नैनीताल पर ‘जल प्रलय’ का खतरा! चूहों के बाद अब मछलियां भी काट रही हैं नैनी झील की जड़ें; माल रोड धंसने की बड़ी चेतावनी

March 10, 2026
5.9k
news 2026 03 08t110307.275
उत्तराखंड

Nainital Crime News: नैनीताल घूमने गई दिल्ली की महिला पर्यटक के साथ कैब ड्राइवर की हैवानियत, चलती कार से कूदकर बचाई आबरू

March 8, 2026
5.9k
untitled design 2026 03 07t102305.778
उत्तराखंड

धराली में क्यों आया था भयंकर जलप्रलय? ISRO की रिपोर्ट में चौंकाने वाला खुलासा, गई थी 68 की जान

March 7, 2026
5.9k
pushkar singh dhami 2
उत्तराखंड

उत्तराखंड ने फिर मारी बाजी! नए कानून लागू करने में देश के सभी राज्यों को पछाड़ा, बना ‘टॉप स्टेट’

March 7, 2026
5.9k
nikahhh
उत्तराखंड

Shahbaz Confession Wife Murder Case: ‘मैं कहकशा को पसंद नहीं करता था…’, शादी के 4 महीने बाद ही शहबाज ने पत्नी को उतारा मौत के घाट; खौफनाक कबूलनामा

March 6, 2026
5.9k
himalayan 0.2 the tehri lake festival
उत्तराखंड

उत्तराखंड की नई पहचान! टिहरी झील को स्पोर्ट्स और टूरिज्म केंद्र बनाने के लिए ₹1300 करोड़ की बड़ी योजना

March 6, 2026
5.9k
char dham
उत्तराखंड

Chardham Yatra 2026 Registration Opens: चारधाम यात्रा के लिए ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन शुरू, जानें केदारनाथ-बद्रीनाथ के कपाट खुलने की तारीख और आवेदन का तरीका

March 6, 2026
5.9k
add a heading 15
उत्तराखंड

रुद्रपुर में तनाव! नमाजी से मारपीट के बाद अटरिया मंदिर प्रबंधक का एक और वीडियो वायरल, क्या और गहराएगी कानूनी मुश्किलें?

March 5, 2026
5.9k
pushkar singh dhami holi festival
उत्तराखंड

आस्था, परंपरा और प्रगति: उत्तराखंड की इस अनोखी होली ने जीता सबका दिल, पारंपरिक वेशभूषा में लोक कलाकारों ने बांधा समां

March 5, 2026
5.9k
haridwar holi clash
उत्तराखंड

Haridwar News: हरिद्वार में होली पर खूनी संघर्ष, 50 लोगों ने मिलकर किया हमला, इलाके में भारी तनाव

March 5, 2026
5.9k
untitled design 2026 02 23t131418.124
उत्तराखंड

Uttarakhand News: कोटद्वार के युवक से मुलाकात के बाद चर्चा में राहुल गांधी, दीपक कुमार ने जिम मेंबरशिप को लेकर किया बड़ा दावा

February 23, 2026
5.9k
  • Trending
  • Comments
  • Latest
92f805b062f0d7904d6bc907444b8fd9

योग्य संतान की प्राप्ति के लिए गर्भाधान कब करे और कब पत्नी से दूर रहें! जानिए..

March 4, 2017
IMG 20260714 WA0009

प्रिथक फाउंडेशन ने ‘Odyssey 2026 – Expression of Kindness’ का भव्य आयोजन किया

July 14, 2026
dashehra 310520 b

क्षिति, जल, पावक, गगन, समीरा पंचतत्व …..

July 26, 2021
IMG 20260720 WA0052

एडवोकेट राज सिंह चंद्रवंशी बने अखिल भारतवर्षीय चंद्रवंशी क्षत्रिय महासभा के दिल्ली प्रदेश अध्यक्ष

July 20, 2026
IMG 20260802 WA0012

धरती से दोस्ती का संदेश: सरदार पटेल सेवा संस्थान ने चलाया पौधारोपण अभियान, पर्यावरण संरक्षण का लिया संकल्प

August 2, 2026
6290 460708256336530604272 036155 741487612782 154674920261538 831663403

मायावती का बड़ा एक्शन, अशोक सिद्धार्थ और बेनीवाल बसपा से निष्कासित

August 2, 2026
6294 839259988766340 423805080213453 564891 226600680313 003818531106644

तन्वी शर्मा ने जीता ताइपे ओपन खिताब, 17 साल बाद रचा इतिहास

August 2, 2026
6288 284214334160219177 650541 056529332870241 865900782 221240981537196

कावेरी जल विवाद फिर भड़का, तमिलनाडु-कर्नाटक आमने-सामने, सुप्रीम कोर्ट पहुंचा मामला

August 2, 2026
ADVERTISEMENT

Stay Connected

  • 78.7k Fans
  • 76.5k Followers
  • 76.9k Followers
  • 56.8k Subscribers
  • 678.6k Followers
  • 67.9k Subscribers
ADVERTISEMENT

Popular Stories

  • 92f805b062f0d7904d6bc907444b8fd9

    योग्य संतान की प्राप्ति के लिए गर्भाधान कब करे और कब पत्नी से दूर रहें! जानिए..

    9777 shares
    Share 3911 Tweet 2444
  • क्षिति, जल, पावक, गगन, समीरा पंचतत्व …..

    6901 shares
    Share 2760 Tweet 1725
  • Holi Special Train 2026: होली के लिए ट्रेनों में शुरू हुई एडवांस बुकिंग, प्रमुख रूटों पर सीटें फुल; जानें कैसे मिलेगा कंफर्म टिकट

    5691 shares
    Share 2276 Tweet 1423
  • UP RTE Admission 2026-27: यूपी के प्राइवेट स्कूलों में फ्री एडमिशन शुरू, आज ही करें ऑनलाइन आवेदन; जानें पूरी प्रक्रिया

    5615 shares
    Share 2246 Tweet 1404
  • Dr. Dharmendra Shastri Chandigarh: 32 वर्षों की सेवा में संस्कृत शिक्षा, स्कूल विकास और समाजसेवा में अद्वितीय योगदान | State Award Winner 2025

    5487 shares
    Share 2195 Tweet 1372
ADVERTISEMENT
Advertisement Advertisement Advertisement
ADVERTISEMENT
Satyam Live

Satyam Live is a National Hindi Newspaper | Magazine | Web Portal | Web Channel & News Media Organization to deliver credible and insightful journalism.

Follow Us

Browse by Category

  • ई-पेपर
  • ई-मैगज़ीन
  • उत्तर प्रदेश
  • उत्तराखंड
  • एन.सी.आर
  • करियर
  • क्राइम
  • खेल
  • टेक्नोलॉजी & AI
  • दिल्ली
  • धर्म
  • पंजाब
  • बिज़नेस
  • भारत
  • मनोरंजन
  • राजनीति
  • विज्ञापन
  • विदेश
  • विशेष
  • वीडियो
  • समीक्षा
  • सम्पादकीय
  • सोशल
  • हरियाणा
  • हेल्थ

Recent News

IMG 20260802 WA0012

धरती से दोस्ती का संदेश: सरदार पटेल सेवा संस्थान ने चलाया पौधारोपण अभियान, पर्यावरण संरक्षण का लिया संकल्प

August 2, 2026
6290 460708256336530604272 036155 741487612782 154674920261538 831663403

मायावती का बड़ा एक्शन, अशोक सिद्धार्थ और बेनीवाल बसपा से निष्कासित

August 2, 2026
  • Home
  • About
  • Team
  • Advertise
  • Contact
  • Disclaimer
  • Privacy Policy

© 2026 "SATYAM LIVE - Where Truth Meets Every Story" by SATYAM LIVE.

Welcome Back!

Login to your account below

Forgotten Password?

Retrieve your password

Please enter your username or email address to reset your password.

Log In
No Result
View All Result
  • होम
  • विदेश
  • भारत
  • राज्य
    • दिल्ली
    • एन.सी.आर
    • उत्तर प्रदेश
    • उत्तराखंड
    • हरियाणा
    • पंजाब
  • विशेष
  • राजनीति
  • क्राइम
  • बिज़नेस
  • मनोरंजन
  • टेक्नोलॉजी & AI
  • हेल्थ
  • करियर
  • खेल
  • धर्म
  • सोशल
  • वीडियो
  • ई-पेपर

© 2026 "SATYAM LIVE - Where Truth Meets Every Story" by SATYAM LIVE.

This website uses cookies. By continuing to use this website you are giving consent to cookies being used. Visit our Privacy and Cookie Policy.