हिमाचल प्रदेश के ऊना स्थित क्षेत्रीय अस्पताल में बुधवार सुबह एक युवक की इलाज के इंतजार के दौरान मौत हो गई। युवक सीने में दर्द की शिकायत लेकर अस्पताल पहुंचा था। मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल परिसर में हंगामा किया और डॉक्टरों व नर्सिंग स्टाफ पर इलाज में कथित देरी का आरोप लगाया।
परिजनों ने लगाया इलाज में देरी का आरोप
परिजनों के अनुसार, युवक बुधवार सुबह सीने में दर्द की शिकायत के साथ क्षेत्रीय अस्पताल ऊना पहुंचा था। उनका दावा है कि उसकी तबीयत ठीक नहीं थी और वह लगातार इलाज की मांग कर रहा था।
परिजनों ने आरोप लगाया कि युवक ने ड्यूटी पर मौजूद डॉक्टर और नर्सिंग स्टाफ को कई बार अपनी परेशानी बताई, लेकिन उसे तत्काल उपचार देने के बजाय इंतजार करने के लिए कहा गया।
परिजनों का कहना है कि युवक करीब दो घंटे तक इलाज का इंतजार करता रहा। इसी दौरान उसकी हालत अचानक बिगड़ गई और वह अस्पताल परिसर में ही गिर पड़ा। इसके बाद अस्पताल में अफरा-तफरी मच गई, लेकिन कुछ ही देर बाद युवक की मौत हो गई।
शव रखकर किया प्रदर्शन
युवक की मौत के बाद परिजन और उनके साथ आए लोग आक्रोशित हो गए। उन्होंने अस्पताल के बाहर शव रखकर प्रदर्शन किया। परिजनों का आरोप है कि यदि युवक को समय पर उपचार मिल जाता तो उसकी जान बचाई जा सकती थी।
परिजनों ने मामले की निष्पक्ष जांच कराने और यदि किसी स्तर पर लापरवाही सामने आती है तो जिम्मेदार लोगों के खिलाफ कार्रवाई की मांग की है।
पुलिस ने संभाला मामला
घटना की सूचना मिलने के बाद पुलिस टीम मौके पर पहुंची और स्थिति को नियंत्रित करने का प्रयास किया। युवक की मौत के बाद अस्पताल परिसर में कुछ समय तक तनाव का माहौल बना रहा।
फिलहाल, इलाज में देरी को लेकर परिजनों की ओर से लगाए गए आरोपों की जांच की जा रही है। उपलब्ध जानकारी के अनुसार, अस्पताल प्रशासन की ओर से इन आरोपों पर अभी कोई विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। जांच पूरी होने के बाद ही युवक की मौत की परिस्थितियों और कथित लापरवाही के आरोपों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो सकेगी।





















