प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गुरुवार को कहा कि भारत और बेल्जियम यूक्रेन तथा पश्चिम एशिया में जारी सैन्य संघर्षों के शीघ्र और शांतिपूर्ण समाधान के पक्षधर हैं। उन्होंने कहा कि किसी भी अंतरराष्ट्रीय विवाद का स्थायी समाधान संवाद और कूटनीति के जरिए ही संभव है। प्रधानमंत्री ने बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर के साथ उच्चस्तरीय द्विपक्षीय वार्ता के बाद संयुक्त प्रेस वार्ता में यह बात कही।
क्षेत्रीय और वैश्विक शांति पर साझा प्रतिबद्धता
द्विपक्षीय वार्ता के प्रमुख मुद्दों का उल्लेख करते हुए पीएम मोदी ने कहा कि दोनों देशों ने वैश्विक और क्षेत्रीय परिस्थितियों पर विस्तार से चर्चा की। उन्होंने कहा कि भारत और बेल्जियम लोकतांत्रिक मूल्यों, कानून के शासन और कूटनीतिक संवाद में विश्वास रखते हैं।
पीएम मोदी के अनुसार, यूक्रेन संकट हो या पश्चिम एशिया में जारी तनाव, दोनों देश जल्द से जल्द शांति बहाली के प्रयासों का समर्थन करते हैं। उन्होंने यह भी कहा कि आतंकवाद के सभी स्वरूपों को समाप्त करना भारत और बेल्जियम की साझा प्राथमिकताओं में शामिल है।
वैश्विक चुनौतियों के बीच भारतीय अर्थव्यवस्था मजबूत
प्रधानमंत्री ने कहा कि मौजूदा समय में दुनिया कई तरह की आर्थिक और भू-राजनीतिक चुनौतियों से गुजर रही है। विभिन्न क्षेत्रों में जारी संघर्षों का असर ईंधन और खाद्य आपूर्ति शृंखलाओं पर भी पड़ा है।
इन परिस्थितियों के बावजूद भारतीय अर्थव्यवस्था ने मजबूती दिखाई है। पीएम मोदी ने बताया कि पिछली तिमाही में भारत ने 7.8 प्रतिशत की विकास दर दर्ज की। उन्होंने कहा कि भारत आज वैश्विक स्तर पर नए अवसरों और भरोसे के महत्वपूर्ण केंद्र के रूप में उभर रहा है।
भारत-EU FTA से व्यापार और निवेश को मिलेगा बढ़ावा
भारत और यूरोपीय संघ के बीच प्रस्तावित मुक्त व्यापार समझौते (FTA) को लेकर भी प्रधानमंत्री ने सकारात्मक रुख जताया। उन्होंने कहा कि यह समझौता दुनिया के दो बड़े लोकतांत्रिक क्षेत्रों के बीच व्यापारिक स्थिरता, आर्थिक विकास और साझा समृद्धि के लिए नए अवसर पैदा कर सकता है।
तीन दिवसीय भारत दौरे पर बेल्जियम के प्रधानमंत्री
बेल्जियम के प्रधानमंत्री बार्ट डी वेवर तीन दिवसीय आधिकारिक भारत यात्रा पर हैं। यह उनका पहला भारत दौरा है। यात्रा के अगले चरण में 4 सितंबर को वे मुंबई जाएंगे, जहां वे डायमंड इंडस्ट्री, बंदरगाहों और लॉजिस्टिक्स मॉडल का जायजा लेंगे।
उनके साथ बेल्जियम के रक्षा एवं विदेश व्यापार मंत्री थियो फ्रैंकन भी भारत आए हैं।


























