दिल्ली के प्रख्यात मधुमेह रोग विशेषज्ञ डॉ मोहित सरन जो कि एलोपैथिक चिकित्सक होने के साथ साथ आयुर्वेद की भी जानकारी रखते हैं, के साथ सत्यम लाइव मीडिया के विशेष संवाददाता नीरज दुबे के साथ हुए साक्षात्कार के कुछ विशेष अंश….
प्रश्न: डॉक्टर साहब आप मधुमेह को आयुर्वेद के नज़रिए से किस तरह देखते हैं?
उत्तर: विशेष रूप से आयुर्वेद में मधुमेह को “प्रमेह” तथा मुख्य रूप से “मधुमेह” कहा गया है। इसका वर्णन चरक संहिता और सुश्रुत संहिता में व्यापक रूप से मिलता है। आयुर्वेद के अनुसार मधुमेह मुख्यतः कफ दोष की वृद्धि, अग्नि (पाचन शक्ति) की मंदता और शरीर में मेद (वसा) की अधिकता के कारण होता है।
प्रश्न: क्या मधुमेह को आयुर्वेद के माध्यम से जड़ से खत्म किया जा सकता है?
उत्तर: आयुर्वेद के माध्यम से मधुमेह को जड़ से नहीं मिटाया जा सकता है, बल्कि उसे संतुलित जीवनशैली और औषधियों द्वारा नियंत्रित अवश्य किया जा सकता है।
1. दोष संतुलन द्वारा नियंत्रण
मधुमेह में कफ और वात दोष प्रमुख होते हैं। औषधियाँ, आहार और दिनचर्या द्वारा इन दोषों को संतुलित किया जाता है, जिससे रक्त में शर्करा का स्तर नियंत्रित रहता है।
2. औषधीय जड़ी-बूटियाँ
आयुर्वेद में कई प्रभावी औषधियाँ बताई गई हैं:
गिलोय (गुडूची) – प्रतिरक्षा बढ़ाती है और शुगर लेवल कम करने में सहायक।
करेला – इसमें प्राकृतिक इंसुलिन जैसे तत्व पाए जाते हैं।
जामुन – बीज का चूर्ण शर्करा नियंत्रण में उपयोगी।
मेथी दाना – फाइबर युक्त, जो ग्लूकोज अवशोषण को धीमा करता है।
इनका सेवन चिकित्सक की सलाह से किया जाता है।
3. आहार (डाइट) प्रबंधन
आयुर्वेद में मधुमेह रोगी को मधुर, तैलीय और भारी भोजन से बचने की सलाह दी जाती है। जौ, कोदो, रागी जैसे अनाज, हरी सब्जियाँ, कम तेल और कम मीठा भोजन तथा समय पर और नियंत्रित मात्रा में भोजन।
4. जीवनशैली सुधार
प्रतिदिन योग और प्राणायाम, नियमित व्यायाम और पैदल चलना, तनाव कम करना (ध्यान) लगाना और पर्याप्त नींद लेना।
5. पंचकर्म चिकित्सा
कुछ मामलों में आयुर्वेदिक चिकित्सक वमन, विरेचन, बस्ती जैसे पंचकर्म उपचार की सलाह देते हैं, जिससे शरीर से विषैले तत्व (आम) बाहर निकल सकें और चयापचय बेहतर हो सके।
आयुर्वेद मधुमेह को केवल दवा से नहीं, बल्कि समग्र (Holistic) दृष्टिकोण से नियंत्रित किया जा सकता है — जिसमें आहार, विहार, औषधि और मानसिक संतुलन शामिल है।
उचित परामर्श और नियमित जांच के लिए दिल्ली के प्रख्यात डॉक्टर मोहित सरन(मोबाइल नंबर: 9821774663) से एक बार अवश्य मिलें।





















