सत्यम् लाइव, 14 दिसम्बर 2020, दिल्ली : कृषि कानूनों के खिलाफ दिल्ली की सीमाओं पर लगातार विरोध कर रहे किसान आज भूख हड़ताल पर हैं. आंदोलन को लेकर सरकार और किसानों के बीच कोई बीच का रास्ता नहीं निकला है, ऐसे में किसानों का प्रदर्शन तेज होता जा रहा है. दिल्ली के नाकों पर अलग-अलग जगह किसान आज अनशन पर बैठेंगे. इस दौरान दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी उनका साथ देने की बात कही है और वो भी उपवास पर रहेंगे|
आम आदमी पार्टी का अनशन
दिल्ली में आम आदमी पार्टी के नेता भी अनशन कर रहे हैं. अरविंद केजरीवाल शाम चार बजे पार्टी दफ्तर में अपना अनशन तोड़ेंगे|
किसानों को मनाने में जुटी सरकार
देशव्यापी भूख हड़ताल के बीच आज हरियाणा के किसान नेता कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर से मुलाकात करेंगे. हरियाणा युवा किसान संघर्ष समिति के अध्यक्ष व पूर्व विधायक नरेश यादव सहित कई किसान नेता इस बैठक में शामिल होंगे, जिसमें कृषि कानूनों को लेकर चर्चा की जाएगी|
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हरियाणा-राजस्थान सीमा पर किसानों का प्रदर्शन
हरियाणा-राजस्थान सीमा पर किसानों का विरोध प्रदर्शन जारी है. यहां पर दो किसान आमरण-अनशन पर बैठे हैं, उनका कहना है कि अबतक आंदोलन में 11 किसान शहीद हो चुके हैं. ऐसे में सरकार को जिद छोड़नी चाहिए.
यहां राजस्थान का पारंपरिक कठपुतली डांस भी दिखाया जा रहा है, इसके जरिए किसान अपने आंदोलन को धार दे रहे हैं. भूख हड़ताल पर बैठे किसानों के समर्थन में अन्य जगहों से भी लोग आ रहे हैं|
किसानों का आंदोलन जारी
देश के अलग-अलग हिस्सों में किसानों की भूख हड़ताल शुरू हो गई है. राजस्थान के शाहजहांपुर में बड़ी संख्या में किसान सीमा पर आंदोलन कर रहे हैं और भूख हड़ताल पर हैं. दिल्ली में भी सिंघु, टिकरी, गाजीपुर सीमा पर किसानों का धरना जारी है. किसानों की ओर से सड़कों को जाम किया जा रहा है, साथ ही बीजेपी नेताओं के घेराव का भी प्लान है|
दिल्ली की इन सीमाओं पर धरना
किसानों ने अलग-अलग हिस्सों में अपनी भूख हड़ताल शुरू कर दी है. किसानों की मांग है कि बैठकों में खुद पीएम मोदी को सामने आना चाहिए, ताकि किसानों की समस्या सुनी जाए और सीधे कानूनों को रद्द कर दिया जाए|
आरोप-प्रत्यारोप का सिलसिला जारी
केंद्रीय मंत्री प्रकाश जावड़ेकर ने आरोप लगाया है कि AAP ने पंजाब के चुनावों में APMC एक्ट में बदलाव की बात कही थी, लेकिन अब कृषि कानूनों का विरोध कर रही है.|
किसानों का महा-उपवास आज…
कृषि कानून के खिलाफ दिल्ली की सीमाओं पर हजारों किसान दो हफ्ते से अधिक वक्त से डटे हुए हैं. किसानों की मांग है कि कृषि कानून रद्द किए जाएं, जिसे सरकार नहीं मान रही है. ऐसे में आज दिल्ली की सिंघु, टिकरी, पलवल, गाजीपुर सीमाओं पर किसान सुबह आठ से शाम 5 बजे तक भूख हड़ताल पर रहेंगे. इसी के साथ देशभर में टोल नाकों को मुफ्त किया जाएगा|
स्वदेशी जागरण मंच का सुझाव- MSP से कम रेट पर खरीद पर हो सजा का प्रावधान
राष्ट्रीय स्वंयसेवक संघ (RSS) से जुड़े स्वदेशी जागरण मंच ने कृषि कानून में कुछ सुधार सुझाए हैं. स्वदेशी जागरण मंच का कहना है कि एमएसपी से कम दाम पर फसलों की खरीद को अवैध करार कर दिया जाना चाहिए इसके साथ ही ऐसे लोगों के खिलाफ सजा का प्रावधान होना चाहिए. एसजेएम का कहना है कि सिर्फ सरकार को ही नहीं बल्कि निजी कंपनियों को भी फसलों को एमएसपी से कम रेट पर फसलों की खरीद पर रोक लगा देनी चाहिए|
किसानों को कृषि कानून के फायदे समझाएगी BJP
किसान आंदोलन के बीच किसानों को कृषि कानून 2020 के फायदों के बारे में बताने के लिए बीजेपी उत्तर प्रदेश के कई जिलों में किसान सम्मेलन करेगी. यह सम्मेलन सोमवार 14 दिसंबर से शुरू होकर 18 दिसंबर तक चलेगा. उत्तर प्रदेश बीजेपी के महासचिव गोविंद नारायण शुक्ला ने कहा कि बीजेपी के प्रमुख राधा मोहन सिंह अयोध्या और बस्ती में किसान सम्मेलन को संबोधित करेंगे. वहीं, गोंडा में स्वतंत्र देव सिंह और केशव प्रसाद मौर्य कृषि कानून 2020 को लेकर वाराणसी में किसानों को संबोधित करेंगे|
प्रदर्शनकारियों के समर्थन में अनशन करेंगे सीएम केजरीवाल
सोमवार को किसान सुबह आठ बजे से शाम के पांच बजे तक अनशन करेंगे. किसान के इस एलान के बाद दिल्ली के मुख्यमंत्री अरविंद केजरीवाल ने भी एक दिन उपवास रखने का एलान किया है. उन्होंने आम आदमी पार्टी के समर्थकों और कार्यकर्ताओं से भी एक दिन के उपवास रखने की अपील की है|
सीमा (संवाददाता)























