मध्य प्रदेश के मंडला जिले और आसपास के इलाकों में लगातार बारिश के चलते मां नर्मदा का जलस्तर तेजी से बढ़ गया है। नर्मदा का पानी खतरे के निशान से ऊपर पहुंचने के बाद मंडला मुख्यालय का छोटा रपटा पुल पूरी तरह जलमग्न हो गया है। पुल से करीब 5 से 6 फीट ऊपर तक नर्मदा का पानी बह रहा है।
जलस्तर बढ़ने से नदी किनारे बने कई घाट और मंदिर भी पानी में डूब गए हैं। वहीं, नावघाट पर गणेश विसर्जन के लिए तैयार किया गया कुंड भी नर्मदा के बढ़ते पानी की चपेट में आ गया है।
घाटों पर प्रशासन ने की बैरिकेडिंग
नर्मदा का जलस्तर लगातार बढ़ता देख प्रशासन ने सुरक्षा के लिहाज से घाटों के दोनों तरफ बैरिकेडिंग कर दी है। लोगों की आवाजाही को नियंत्रित किया जा रहा है, ताकि कोई व्यक्ति बढ़े हुए जलस्तर के बीच नदी के करीब न पहुंचे।
छोटा रपटा पुल पूरी तरह डूबने के बाद होमगार्ड और एसडीईआरएफ की टीम को भी मौके पर तैनात किया गया है। टीमें किसी भी आपात स्थिति से निपटने के लिए निगरानी कर रही हैं।
नर्मदा तट से दूर रहने की अपील
प्रशासन ने लोगों से नर्मदा नदी के तट और जलमग्न छोटे रपटा पुल से दूर रहने की अपील की है। लगातार बढ़ते जलस्तर को देखते हुए नदी के आसपास के निचले इलाकों में भी सतर्कता बढ़ा दी गई है।
बारिश का दौर जारी रहने के कारण नर्मदा के जलस्तर पर प्रशासन और संबंधित टीमें लगातार नजर बनाए हुए हैं। लोगों को सुरक्षित स्थानों पर रहने और प्रशासन के निर्देशों का पालन करने की सलाह दी गई है।





















