सत्यम् लाइव, 25 अगस्त 2021, दिल्ली।। मोदी सरकार पर हमला कर मंगलवार को प्रेस कॉन्फ्रेंस में कहा कि कांग्रेस निजीकरण के खिलाफ नहीं है लेकिन जैसे-जैसे एकाधिकरण बढ़ेगा वैसे-वैसे रोजगार मिलने बंद हो जाएंगे। ‘‘देश में 70 साल में जो भी पूंजी बनी, मोदी सरकार ने उसे बेचने का फैसला किया है। रेलवे को निजी हाथों में बेचा जा रहा है रेलवे देश की रीढ़ है। गरीब आदमी एक शहर से दूसरे शहर रेल के बिना सफर नहीं कर सकता है। देश के प्रधानमंत्री सब कुछ बेच रहे हैं लेकिन मोदी सरकार 1.50 लाख करोड़ रुपए में रेलवे के 400 स्टेशन, 150 ट्रेनें और रेलवे ट्रैक बेच रही है।
रेलवे कर्मचारियों को अगाह करते हुए कहा कि अगर रेलवे का प्राइवेटाइजेशन होगा तो आपके रोजगार पर भी खतरा होगा। मोदी सरकार 1.6 लाख करोड़ रुपए का 26,700 किलोमीटर नेशनल हाई.वे, 42,300 पावर ट्रांसमिशन, 8 हजार किलोमीटर की गेल की पाइपलाइन, 4 हजार किलोमीटर की पेट्रोलियम पाइपलाइन, 2.86 लाख करोड़ की केबल कनेक्टिविटी और 29 हजार करोड़ रुपए की वेयरहाउसिंग तथा माइनिंग, 25 एयरपोर्ट, 9 पोर्ट और 31 प्रोजेक्ट्स भी बेच रही है। नेशनल स्टेडियम को बेचने की तैयारी अभी चल रही है।
सुनील शुक्ल





















