सत्यम् लाइव, 28 फरवरी 2021, दिल्ली : थाना मुखर्जी नगर पुलिस को मिली बड़ी कामयाबी। जी हां आपको बताते चलें की थानाध्यक्ष करण सिंह राणा ने अपने पुलिस कर्मियों को कहा की कई लोग स्नैचिंग की वारदात को अंजाम दे रहे हैं। इस बाबत जितने भी पुलिस पिकेट हैं उस पर शाम 6:00 बजे से रात्रि 9:00 बजे तक तमाम बीट अधिकारी निर्धारित पुलिस पिकेट पर मौजूद होंगे। क्योंकि कई दिनों से यह इनपुट मिल रहा था की बदमाश R15 बाइक से मुखर्जी के इलाके में वारदात को अंजाम दे रहे थे।
पुलिस कर्मियों की एक टीम बनाई गई जिसकी अगवाई हवलदार जयप्रकाश ने अपने साथी सिपाही महेश के साथ की। ये लोग पुलिस पिकेट पर खड़े थे इन्होंने देखा कि मोटरसाइकिल पर दो लोग बिना हेलमेट के आ रहे हैं उन्होंने रुकने का इशारा किया । परंतु इन लोगों ने मोटरसाइकिल नहीं रोकने का इरादा कर लिया इस पर हवलदार जयप्रकाश ने तुरंत पुलिस बैरिकेड को आगे करके रास्ता रोक दिया । वह दोनों घबराकर रुक गए उन दोनों ने हवलदार जयप्रकाश को धमकाते हुए कहा की हम दिल्ली सिविल डिफेंस के कर्मी हैं और हमें बिना जांच के जाने दिया जाएं। हवलदार जयप्रकाश ने तुरंत थाना अध्यक्ष करण सिंह राणा को संपर्क किया ।
थानाध्यक्ष तुरंत मौके पर पहुंचे क्योंकि वह इलाके में ही मौजूद थे। वहा पहुंच कर इन दोनों लोगों की जांच के आदेश दिए। पता चला कि एक का नाम रूद्र मणि मिश्रा उर्फ अरुण निवासी भजनपुरा है व दूसरा विकास उर्फ अदीत निवासी करावल नगर है उन्होनें बतलाया की इन दोनों ने डीसीडी की ट्रेनिंग ली है व कोई रोकता है तो बताते हैं की हम डीसीडी कर्मी है। दिल्ली पुलिस भी इन्हें सम्मान देती थी।
परंतु पता चला की जिस मोटरसाइकिल से दोनों घूम रहे थे वह चोरी की थी । खुलासा तब हुआ जब हवलदार जयप्रकाश ने वाहन एप पर इनके नंबर प्लेट की जांच की उसमें साफ दिखा जो नंबर लगा है वह KTM का मोटरसाइकिल का है।
शक गहरा गया और तुरंत इन्हें थानाध्यक्ष करण सिंह राणा के निर्देश पर गिरफ्तार करके जेल भेज दिया गया गया। थानाध्यक्ष करण सिंह राणा ने बताया कि आगे भी इस मुहिम को जारी रखा जाएगा। ताकि इलाके में हो रही झपट मारी की वारदात को लगाम लगाई जा सके। थानाध्यक्ष ने बतलाया की उपायुक्त उषा रंगनानी का मुख्य उद्देश्य है की इलाके में झपटमारी ना हो। भले ही इसके लिए कितने भी पुलिसकर्मी इलाके में लगाए जाए ।






















